स्पर्धायेंः- शुक्रवार को दिखी कला एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों की मनमोहक झलक।
रायगढ़ः- शासकीय पालूराम धनानिया वाणिज्य एवं कला महाविद्यालय रायगढ़ में शुक्रवार से प्रारंभ हुए वार्षिकोत्सव उमंग 2026 का प्रथम दिवस खेलकूद, कला और सांस्कृतिक प्रतियोगिताओं से सराबोर रहा। महाविद्यालय परिसर में विद्यार्थियों की उमंग और उत्साह देखते ही बना।
सर्वप्रथम देवी-देवताओं का पूजन-अर्चन कर आयोजन की शुरुआत की गई। इस आयोजन में संरक्षक के रूप में प्राचार्य डॉ. सुशील कुमार एक्का, संयोजक डॉ. ज्योति सोनी, क्रीड़ा अधिकारी डॉ. सौरभ प्रधान तथा सांस्कृतिक कार्यक्रम अधिकारी डॉ. हेमकुमारी पटेल ने अपनी भूमिका निभाई। उनके मार्गदर्शन में प्रतियोगिताएं सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न हुईं। प्रचार्य डॉ. एक्का ने अपने उद्बोधन में कहा कि “वार्षिकोत्सव केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं है, बल्कि यह विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास का अवसर है। खेल, कला और संस्कृति के माध्यम से विद्यार्थी अपनी प्रतिभा को पहचानते हैं और आत्मविश्वास अर्जित करते हैं।” संयोजक डॉ. सोनी ने अपने वक्तव्य में कहा कि “इस आयोजन का उद्देश्य विद्यार्थियों को प्रतिस्पर्धा के साथ सहयोग की भावना सिखाना रहा। उमंग 2026 ने हर छात्र-छात्रा को अपनी क्षमता दिखाने का मंच दिया।” उनके बाद आई डॉ. हेम कुमारी पटेल (सांस्कृतिक कार्यक्रम अधिकारी) ने कहा कि “कला और संस्कृति हमारी पहचान हैं। विद्यार्थियों ने विभिन्न प्रस्तुतियों के माध्यम से छत्तीसगढ़ की परंपरा को जीवंत किया है। इस आयोजन उनकी रचनात्मकता को नई दिशा देते हुए प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया। इस अवसर पर रेड रिबन क्लब के तत्वावधान में भाषण, निबंध, पोस्टर एवं रंगोली की प्रस्तुति ने ध्यानाकर्षण बनाए रखा।
स्वल्पाहार के बाद, आयोजन अधिकारी सांस्कृतिक कार्यक्रम डॉ. पटेल की अगुआई में कला और संस्कृति की झलक रंगोली, अल्पना, मेहंदी तथा पाक कला प्रतियोगिताओं में देखने को मिली। विशेष आकर्षण रहा छत्तीसगढ़ी व्यंजनों की प्रस्तुति, जिसमें छात्र-छात्राआें ने स्थानीय परंपरा और स्वाद को मंच पर जीवंत कर दिया। उल्लेखनीय है कि वार्षिकोत्सव 2026 का प्रथम दिवस विद्यार्थियों की ऊर्जा और रचनात्मकता का प्रतीक रहा। खेलकूद से लेकर कला और संस्कृति तक, हर क्षेत्र में छात्रों ने अपनी प्रतिभा का परिचय दिया। प्राचार्य और आयोजन समिति के मार्गदर्शन में यह उत्सव न केवल मनोरंजन का माध्यम बना, बल्कि विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास और सांस्कृतिक चेतना को भी नई ऊँचाइयों तक ले गया। बता दें कि आयोजन में विधि विभागाध्यक्ष डॉ. प्रदीप शर्मा, सहायक प्राध्यापक एवं एनएसएस पुरूष इकाई के कार्यक्रम अधिकारी प्रो. संतोष कुमार नायक, द्वय महिला विंग की डॉ. उषा नायक, प्रो. डी.सी. पटेल, श्री आर.के. लहरे, सुश्री अंषुमाला कुजूर, ग्रंथपाल श्री के.आर. सोनी अतिथि व्याख्याता डॉ. चंद्र भूषण मिश्र, श्री किषोर कुमार मली, श्री चंद्र प्रकाष पाण्डेय, श्री महेन्द्र सप्रे, सुश्री विमला कुर्रे, डॉ. ममता साहू, श्री आदर्ष कुमार, सुश्री दीपिका राठौर, सुश्री पिंकी सारथी, एवं सुश्री श्रेया सोनी सहित संलग्न कर्मचारियों में श्री राम बजरंग थवाईत एवं कम्प्यूटर ऑपरेटर, श्री राम नारायण निषाद की सहित दर्षकगणां की गरिमामय उपस्थिति बनी रही।
इधर, क्रीड़ाधिकारी डॉ. प्रधान के नेतृत्व में खेलकूद प्रतियोगिताओं में 26 एवं 27 फरवरी 2026 को हो चुकी स्पर्धाओं में जिसमें गोला फेंक और स्लो साइकिल रनिंग एवं रस्सा कसी, शतरंज, टेबल टेनिस एवं कैरम जैसी प्रतियोगिताओं ने खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर दिया। डॉ. सौरभ प्रधान (क्रीड़ा अधिकारी) ने बताया कि खेलकूद प्रतियोगिताओं पर प्रकाश डालते हुए कहा कि “खेल जीवन में अनुशासन और टीम भावना का संचार करते हैं। विद्यार्थियों ने जिस उत्साह से भाग लिया, वह महाविद्यालय की खेल संस्कृति को मजबूत करेगा।” बता दें कि क्रीड़ा स्पधाओं में विजयी रहे प्रतियोगियां के उत्कृष्ठ प्रदर्षन की सबने सराहना की और विजेताओ के नाम सुरक्षित रख लिए गए हैं। जिन्हें शनिवार को पुरस्कृत किया जाएगा। उल्लेखनीय है कि इन आयोजनों में कर्मचारी श्री षिव कुमार साव, श्री मिनकेतन निर्मलकर, श्री संतोष यादव, श्री कैलाष चंद्र भोई, सुश्री आकांक्षा यादव, श्री अनिल यादव व श्री प्रदीप पटेल का योगदान सराहनीय रहा।
आगामी कार्यक्रमः-
शनिवार को वार्षिकोत्सव के अवसर पर विविध सांस्कृतिक प्रस्तुतियां होंगी। नृत्य, गीत-संगीत और नाट्य मंचन के साथ मेधावी विद्यार्थी व नेट-स्लेट एवं अन्य महाविद्यालयीन गतिविधियां के प्रतिभागियां सहित क्रीड़ा स्पर्धाओं में रहे विजेताओं को महाविद्यालय प्रबंधन द्वारा प्रदत्त पुरस्कार वितरण भी किया जाएगा। महाविद्यालय प्रशासन ने सुनिष्चित किया है कि इस अवसर पर विजयी रहे विद्यार्थियों प्रतिभागियों को महाविद्यालय प्रबंधन एवं अतिथियों के कर कमलों से सम्मानित कर उनकी उपलब्धियों को प्रोत्साहित किया जाएगा।

