परिवार नियोजन, आयुष्मान योजना व पोषण के प्रति जागरूकता पर विशेष जोर
रायगढ़, 25 फरवरी 2026/ जिला स्वास्थ्य समिति व राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तत्वावधान में रायगढ़ शहरी क्षेत्र के मांगलिक भवन, अतरमुड़ा वार्ड क्रमांक 26 में सास-बहू सम्मेलन एवं निःशुल्क आउटरीच स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पार्षद सरिता राजेंद्र ठाकुर उपस्थित रहीं। उन्होंने आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे शिविर समाज में स्वास्थ्य जागरूकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
पार्षद सरिता राजेंद्र ठाकुर ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा लागू आयुष्मान योजना की सराहना करते हुए कहा कि इससे देश के हर वर्ग को गंभीर बीमारियों के उपचार में सहायता मिल रही है। उन्होंने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं एवं मितानिनों द्वारा घर-घर पहुंचकर स्वास्थ्य संबंधी जानकारी देने के कार्य की प्रशंसा की और कहा कि बच्चों के समुचित विकास के लिए सही पोषण और विटामिन अत्यंत आवश्यक हैं। उन्होंने परिवार नियोजन के महत्व पर बल देते हुए नागरिकों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की सलाह दी
राज्य शासन के दिशा-निर्देशानुसार, कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी के निर्देश एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अनिल कुमार जगत के मार्गदर्शन तथा जिला कार्यक्रम अधिकारी सुश्री रंजना पैंकरा के संचालन में शिविर में नागरिकों के लिए विभिन्न विशेषज्ञ काउंटर लगाए गए, जिनमें गैर संचारी रोग (शुगर व बीपी जांच), मातृ स्वास्थ्य परीक्षण, वयोवृद्ध सेवा, शिशु स्वास्थ्य एवं टीकाकरण, नेत्र जांच, कुष्ठ एवं क्षय रोग जांच, एचआईवी जांच, फाइलेरिया कार्यक्रम अंतर्गत सामूहिक दवा सेवन तथा निःशुल्क दवा वितरण शामिल थे। बड़ी संख्या में गर्भवती महिलाओं, बच्चों, बुजुर्गों एवं अन्य नागरिकों ने इन सेवाओं का लाभ उठाया।
शिविर के दौरान पुरुष नसबंदी पखवाड़े की शुरुआत की गई तथा सास-बहू सम्मेलन के माध्यम से परिवार नियोजन एवं मातृ-शिशु स्वास्थ्य से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियाँ साझा की गईं। साथ ही आयुष्मान कार्ड, पोषण एवं विटामिन-ए से संबंधित जागरूकता भी लोगों तक पहुंचाई गई। शिविर में उपस्थित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों में डॉ. सोनाली मेश्राम, सेक्टर चिकित्सा अधिकारी, शहरी समन्वयक मितानिन कार्यक्रम, सुपरवाइजर एवं मितानिन प्रशिक्षकों की सक्रिय सहभागिता से कार्यक्रम संपन्न हुआ। शिविर में बड़ी संख्या में महिलाओं, पुरुषों एवं बच्चों की सहभागिता ने यह सिद्ध किया कि जागरूक समाज ही स्वस्थ समाज की आधारशिला है।

