• Tue. Jul 7th, 2026

chattisgarhmint.com

सच की बात है

जिले में शांति एवं सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता-कलेक्टर

Bychattisgarhmint.com

May 22, 2026

गांजा, सूखा नशा एवं अवैध शराब कारोबारियों पर होगी सख्त कार्रवाईएसएसपी

राहवीर योजना के तहत घायलों की मदद करने वालों को मिलेंगे 25 हजार रुपए

डायल-112 से मिलेगी त्वरित आपातकालीन सहायता, आधुनिक तकनीक से लैस व्यवस्था

धरनाप्रदर्शन केवल निर्धारित स्थल पर, बिना अनुमति रैलीजुलूस पर होगी कार्रवाई

औद्योगिक संस्थानों में सुरक्षा मानकों के कड़ाई से पालन के निर्देश

कलेक्टर की अध्यक्षता में कानून व्यवस्था की समीक्षा बैठक संपन्न

रायगढ़, 22 मई 2026/ जिला कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आज जिले की कानून एवं शांति व्यवस्था, सड़क सुरक्षा, नशा नियंत्रण, औद्योगिक सुरक्षा, यातायात प्रबंधन तथा विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों को लेकर विस्तृत समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी ने की। बैठक में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अनिल सोनी, नगर निगम आयुक्त श्री बृजेश सिंह क्षत्रिय, सीएसपी श्री मयंक मिश्रा, एडीएम श्री अपूर्व प्रियेश, अपर कलेक्टर श्री रवि राही, डॉ. प्रियंका वर्मा, डिप्टी कलेक्टर श्री धनराज मरकाम सहित सभी एसडीएम, एसडीओपी, तहसीलदार, थाना प्रभारी एवं संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
कलेक्टर ने जिले में शांति एवं कानून व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाए रखने के लिए प्रशासनिक एवं पुलिस अमले को सतर्क एवं सक्रिय रहने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि किसी भी अप्रत्याशित घटना की सूचना तत्काल जिला प्रशासन तक पहुंचनी चाहिए, जिससे समय पर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके। उन्होंने कहा कि जितना मजबूत सूचना तंत्र होगा, उतनी ही तेजी से स्थिति को नियंत्रित किया जा सकेगा। उन्होंने सभी एसडीएम को अपने-अपने क्षेत्रों में धरना-प्रदर्शन के लिए निर्धारित स्थल चिन्हांकित करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने अधिकारियो को निर्देशित करते हुए कहा है कि किसी भी प्रकार के जुलूस, रैली एवं धरना प्रदर्शन के लिए अनुमति अनिवार्य है, इसका कड़ाई से पालन की जाए, साथ ही बिना अनुमति के किसी भी प्रकार के जुलूस, रैली एवं धरना-प्रदर्शन के आयोजन कर्ताओं पर नियमानुसार सख्ती से कार्रवाई की जाए। कलेक्टर ने कहा कि सभी प्रदर्शन निर्धारित स्थल पर ही आयोजित किए जाएं, ताकि आमजन को असुविधा न हो और यातायात व्यवस्था भी सुचारू बनी रहे।
कलेक्टर ने जिले में सड़क दुर्घटनाओं एवं दुर्घटना में होने वाली मृत्यु दर को गंभीर विषय बताते हुए अधिकारियों को प्रभावी एवं व्यवहारिक कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि चिन्हांकित ब्लैक स्पॉट्स पर आवश्यक सुधार कार्य प्राथमिकता से पूरे किए जाएं तथा यातायात सुरक्षा उपायों को और मजबूत बनाया जाए। समीक्षा के दौरान बताया गया कि छातामुड़ा चौक, पटेलपाली, कोड़ातराई, ऊर्दना तिराहा, जोरापाली एवं कांशीचुवा सहित विभिन्न ब्लैक स्पॉट्स पर रंबल स्ट्रिप, संकेतक बोर्ड, स्टॉप लाइन मार्किंग, डिवाइडरों पर रेडियम संकेतक, हाईमास्ट एवं स्ट्रीट लाइट सहित आवश्यक सुधार कार्य किए गए हैं तथा कई स्थानों पर कार्य प्रगति पर हैं। इसके साथ ही सड़कों पर धूल एवं प्रदूषण की समस्या के स्थायी समाधान के लिए भी कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने जिले में कानून व्यवस्था एवं यातायात सुगम बनाने के लिए जिले के निजी कंपनियों को दिए गए महत्वपूर्ण निर्देश एवं दायित्वों के क्रियान्वयन की समीक्षा की और शीघ्र पूरा कराने के लिए अधिकारियों को निर्देशित किया।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह ने जिले में गांजा, सूखा नशा तथा अवैध शराब के कारोबार पर कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिले में अवैध रूप से नशीले पदार्थों का विक्रय करने वालों की सूची तैयार कर उनके विरुद्ध सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने राजस्व एवं पुलिस विभाग को समन्वय स्थापित करते हुए मादक पदार्थों की तस्करी रोकने हेतु कुरियर, ट्रांसपोर्ट एवं गोदामों का नियमित निरीक्षण करने तथा ई-कॉमर्स माध्यम से आने वाले संदिग्ध पार्सलों की जांच करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिले में किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधियों को बढ़ावा नहीं मिलने दिया जाएगा।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने एवं मृत्यु दर घटाने के लिए विशेष कार्ययोजना बनाकर प्रभावी क्रियान्वयन किया जाए। उन्होंने नशे की हालत में वाहन चलाने वालों तथा यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों पर लगातार कार्रवाई करने के निर्देश दिए। बैठक में बताया गया कि ओवरस्पीड वाहन संचालन एवं अवैध पार्किंग के विरुद्ध लगातार कार्रवाई की जा रही है। सड़क सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए विभिन्न क्षेत्रों में सुधार कार्य किए गए हैं तथा यातायात नियमों के प्रति लोगों को जागरूक किया जा रहा है। बैठक में बताया गया कि किसी भी आपातकालीन स्थिति में नागरिकों को डायल-112 सेवा का उपयोग करना चाहिए। अत्याधुनिक तकनीक से लैस इस व्यवस्था में पीटीजेड कैमरा, डैश कैमरा, जीपीएस, मोबाइल डेटा टर्मिनल एवं स्मार्ट मोबाइल उपकरण लगाए गए हैं, जिससे घटनास्थल पर त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित हो सके।
इस एकीकृत व्यवस्था के माध्यम से पुलिस, चिकित्सा, अग्निशमन, आपदा प्रबंधन, महिला हेल्पलाइन, चाइल्ड हेल्पलाइन एवं नेशनल हाईवे सेवाओं को जोड़ा गया है, जिससे नागरिकों को एक ही प्लेटफॉर्म पर सभी आपातकालीन सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी। बैठक में सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्तियों की मदद करने वाले नागरिकों के लिए संचालित “राह-वीर (गुड सेमेरिटन) योजना” की जानकारी दी गई। अधिकारियों ने बताया कि यदि कोई व्यक्ति सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति को गोल्डन ऑवर के भीतर अस्पताल पहुंचाकर उसकी जान बचाने में मदद करता है, तो उसे भारत सरकार द्वारा 25 हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि एवं प्रशस्ति पत्र प्रदान किया जाता है। बैठक में बताया गया कि दुर्घटना पीड़ितों की सहायता करने वाले व्यक्तियों को किसी प्रकार की कानूनी परेशानी में नहीं डाला जाएगा तथा उनकी निजता एवं गरिमा का पूरा संरक्षण किया जाएगा। बैठक में नशा मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत मैराथन, नुक्कड़ नाटक, नारा लेखन एवं जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए गए। स्कूल-कॉलेजों में स्वास्थ्य परीक्षण शिविर लगाने, शैक्षणिक संस्थानों के आसपास ड्रग्स फ्री जोन विकसित करने तथा एनएसएस के माध्यम से जागरूकता अभियान चलाने को कहा गया। जिले में संचालित नवजीवन नशा मुक्ति एवं पुनर्वास केंद्र के माध्यम से अब तक 266 नशा पीड़ितों को उपचार एवं पुनर्वास का लाभ प्रदान किया जा चुका है।
जिले में 10 बिस्तर वाले रिहैबिलिटेशन सेंटर हेतु शीघ्र स्थल चयन करने के निर्देश भी दिए गए। बैठक में औद्योगिक सुरक्षा संबंधी व्यवस्थाओं एवं दुर्घटना की स्थिति में तैयारियों की समीक्षा की गई। उद्योगों को श्रमिकों की सुरक्षा से जुड़े नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। गर्मी के मौसम को देखते हुए श्रमिकों के लिए ठंडे पानी, ओआरएस, नियमित स्वास्थ्य परीक्षण एवं चिकित्सकीय सुविधा उपलब्ध कराने को कहा गया। साथ ही ईएसआईसी अस्पतालों के माध्यम से स्वास्थ्य शिविर आयोजित करने तथा श्रमिकों के स्वास्थ्य की नियमित जांच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। बैठक में मृत श्रमिकों के आश्रितों को मुआवजा, अनुकंपा नियुक्ति एवं पेंशन संबंधी मामलों पर भी चर्चा की गई और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

One thought on “जिले में शांति एवं सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता-कलेक्टर”
  1. I’m not sure why bbut ths web ste is lading extremely slow forr
    me. Is anyone else havingg this problem or iis it a issue onn my end?
    I’ll checck badk lafer andd seee iif thhe probkem stil exists.

    Here is myy websute … roloxxx

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *