निर्धारित गुणवत्ता मानकों के साथ उत्पादन प्रक्रिया शीघ्र प्रारंभ करने के दिए निर्देश
रायगढ़, 3 जनवरी 2026/ मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की मंशानुरूप आंगनबाड़ी केंद्रों के लिए रेडी-टू-ईट निर्माण को पुनः महिला स्व-सहायता समूहों से जोड़ने के शासन के निर्णय पर रायगढ़ जिले में तैयारियां अंतिम चरण में हैं। इसी क्रम में कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी ने डुमरमुड़ा एवं कोतरलिया में स्थापित रेडी-टू-ईट निर्माण इकाइयों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों को इकाइयों के संचालन से जुड़ी सभी प्रक्रियाएं समयबद्ध रूप से पूर्ण कर शासन द्वारा निर्धारित गुणवत्ता, स्वच्छता एवं पोषण मानकों के अनुरूप उत्पादन प्रक्रिया शीघ्र प्रारंभ करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ श्री अभिजीत बबन पठारे, जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री एल.आर.कच्छप सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
कलेक्टर ने महिला स्व-सहायता समूहों की महिलाओं से चर्चा कर रेडी-टू-ईट इकाइयों के संचालन, आवश्यक संसाधनों, मशीनरी एवं प्रशिक्षण की स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने स्पष्ट किया कि उत्पादन प्रारंभ करने से पूर्व सभी मानकों, स्वच्छता व्यवस्था एवं गुणवत्ता नियंत्रण की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। कलेक्टर ने कहा कि महिला स्व-सहायता समूहों के माध्यम से रेडी-टू-ईट निर्माण की यह योजना महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के साथ-साथ बच्चों, गर्भवती एवं धात्री माताओं को गुणवत्तापूर्ण पोषण उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। जिला पंचायत सीईओ ने इकाइयों में स्वच्छता, गुणवत्ता परीक्षण, सुरक्षित भंडारण तथा समयबद्ध आपूर्ति व्यवस्था को सुदृढ़ करने के निर्देश दिए।
उल्लेखनीय है कि राज्य शासन द्वारा इस योजना को पायलट प्रोजेक्ट के रूप में प्रारंभिक चरण में 6 जिलों में लागू किया जा रहा है, जिसमें रायगढ़ जिला भी सम्मिलित है। वर्तमान में जिले में 10 महिला स्व-सहायता समूहों को रेडी-टू-ईट निर्माण एवं वितरण हेतु अनुबंधित किया गया है। योजना के पूर्ण क्रियान्वयन से 10 स्व-सहायता समूहों की 100 से अधिक महिलाओं को प्रत्यक्ष रोजगार उपलब्ध होगा तथा आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से लाभार्थियों को सुरक्षित एवं पौष्टिक आहार की नियमित आपूर्ति सुनिश्चित की जा सकेगी। इस अवसर पर जिला पंचायत रायगढ़ के अतिरिक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री महेश पटेल, जनपद पंचायत रायगढ़ एवं पुसौर के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सहित संबंधित अधिकारी एवं महिला स्व-सहायता समूहों के सदस्य उपस्थित रहे।
